माचना बेसिन क्षेत्र के ग्राम भरकावाड़ी में ग्राम संपर्क अभियान के तहत ग्रामसभा आयोजित

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अल्केश साहू 
बैतूल-बैतूल की जीवनदायिनी माचना नदी को सदानीरा बनाने के लिये माचना बेसिन के क्षेत्र में बसे ग्रामों में ग्राम सम्पर्क अभियान के अन्तर्गत बुधवार को ग्राम भरकावाड़ी में ग्राम सभा का आयोजन किया गया। जिसमें सहायक कलेक्टर श्री अंशुमन राज, पर्यावरण कार्यकर्ता श्री मोहन नागर, गायत्री परिवार के जिला पर्यावरण प्रमुख श्री अमोल पानकर, जन अभियान परिषद की जिला समन्वयक श्रीमती प्रिया चौधरी ने माचना नदी के पुनर्जीवन व जल संरक्षण विषय पर विचार व्यक्त किये ।
श्री मोहन नागर ने कहा कि सभ्यताएं नदियों के किनारे ही विकसित हुई हमारे सारे गांव नदियों के तटों पर ही बसे हैं। परंतु आज यह जीवनदायिनी जल संरचनाएं दूषित एवं संकुचित हो रही है। जिससे नदियों में वर्ष भर प्रवाह नहीं रहता है क्योंकि नदियों की सहायक जल धाराएं पर्याप्त जल प्रदान नहीं करती। इसका मुख्य कारण, नदी के प्रवाह क्षेत्र में कटते जंगल,गांव का पानी गांव में न रुकना या उसका उचित नियोजन ना करना जैसे कारण है। इसी क्रम में बैतूल की जीवन रेखा  माचना का पुनर्जीवन का यह अभियान प्रारंभ किया गया है, जो कि तटों की लगभग 48 पंचायतों में चलेगा, जिसमें शासन-प्रशासन, समाज सेवी संस्थाओं व जनभागीदारी से विभिन्न जल संरचनाओं के निर्माण कार्य किये जायेंगे।
सहायक कलेक्टर श्री अंशुमन राज द्वारा शासन की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से जल संरक्षण के लिए जन समुदाय का आव्हान किया गया। उन्होंने कहा कि नदी हमें वर्ष भर पानी देती है, हम उसे वर्षाकाल में पानी भरने की व्यवस्था करें । कार्यक्रम के प्रारंभ में उपस्थित जन समुदाय द्वारा ग्राम के तालाब पर श्रमदान किया गया। पर्यावरण प्रभारी श्री अमोल पानकर ने पर्यावरण संशोधन के बिंदु प्रस्तुत किए। जन अभियान परिषद की जिला समन्वयक श्रीमती प्रिया चौधरी ने जल संरचनाओं के बारे में बताया। इस अवसर पर ग्रामीणों द्वारा अपने सुझाव प्रस्तुत किए गए। कार्यक्रम का श्री विठ्ठल चरपे द्वारा संचालन किया गया। सहायक कलेक्टर व प्रशासनिक अधिकारियों ने ग्रामीणों के साथ ग्राम की जल संरचनाओं का अवलोकन भी किया व उनके गहरीकरण हेतु सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देशित किया । इस अवसर पर जन अभियान परिषद ब्लॉक समन्वयक सुश्री सरिता पाठक, प्रशासनिक अधिकारी, श्री विक्रम इथापे, श्री पंकज लोनारे, श्री ब्रजेंद्र रडवे, श्री प्रदीप लोनारे, श्री मारुति दोडक़े, श्री अर्जुन वाडेकर, श्री अशोक गोरिया, श्री घनश्याम गोरिया, श्री प्रमोद दोडक़े, श्री अजय सातपुते, श्री विजय रावंधे, श्री रामराव रावंधे, श्री संदीप कोसरिया, श्री विष्णु सातपुते, श्री प्रेम सोनपुरे, श्री व्यंकटराव सेबेकर, श्री बाबूराव चरपे, श्री गोलू सोनपुरे सहित ग्रामवासी उपस्थित थे। ग्राम सभा के पश्चात अतिथियों व ग्राम वासियों ने मन्दिर परिसर में रुद्राक्ष तथा विद्यालय परिसर में नीम के पौधे भी रोपे।