डॉक्टर के कोरोना पॉजीटिव होने पर सील किया था अस्पताल, जांच में दोषी पाए जाने पर होगी FIR दर्ज

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संवादाता सुनील यादव मुड़वारा कटनी

जिले में बढ़ते कोरोना संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए जिला प्रशासन द्वारा 30 अप्रैल की रात 12 बजे तक कोरोना कर्फ्यू लगाया गया है। कोरोना कर्फ्यू का कड़ाई से पालन कराने के निर्देश कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने दिए हुए हैं। सोमवार को शहर में कोरोना कर्फ्यू का जायजा विधायक संदीप जायसवाल के साथ कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने लिया। इस दौरान उन्होने शहर के मुख्य मार्गों के साथ ही गली, मोहल्ले और कॉलोनियों का भी निरीक्षण किया।

निरीक्षण की शुरुआत विधायक और कलेक्टर द्वारा आदर्श कॉलोनी से की गई। इसके बाद दुर्गा हॉस्पिटल, धर्मलोक हॉस्पिटल, नई बस्ती, शहीद द्वार, गर्ग चौराहा, रबर फैक्ट्री रोड, दुर्गा चौक, तिलक कॉलेज मोड, रोशन नगर से होते हुए एनकेजे बजरिया क्षेत्र का भ्रमण किया गया। आदर्श कॉलोनी से गर्ग चौराहे तक विधायक और कलेक्टर ने पैदल चलकर आस-पास के लोगों को कोरोना के संक्रमण से बचाव की सावधानियां अपनाने की समझाईश दी। वही आवाजाही कर रहे लोगों से भी पूछताछ की और उनके निकलने का कारण भी जाना।

भ्रमण के दौरान नई बस्ती में डॉ मंगतराम हॉस्पिटल का संचालन पीछे के दरवाजे से किए जाने की जानकारी कलेक्टर को मिली। जिस पर कलेक्टर ने वहां पर पहुंचकर निरीक्षण किया। जानकारी लेने पर पता चला कि पिछले दिनों प्रशासन द्वारा डॉ के कोविड पॉजीटिव आने पर अस्पताल को सील किया गया था। इस पर कलेक्टर ने तत्काल एसडीएम को टेलीफोन पर ही जांच कराने और उल्लंघन पाए जाने पर एफआईआर कराने के निर्देश भी दिए।

निरीक्षण के दौरान एनकेजे बजरिया पहुंचकर कोरोना कर्फ्यू की स्थिति का निरीक्षण भी किया गया। एनकेजे बजरिया का भ्रमण भी अधिकारियों सहित विधायक और कलेक्टर ने पैदल ही किया। जिसमें लोगों को घरों पर ही रहने और अनावश्यक घरों से नहीं निकले की समझाईश भी दी गई। निरीक्षण के दौरान नगर निगम आयुक्त सतेन्द्र धाकरे, एसडीएम बलबीर रमन, तहसीलदार संदीप श्रीवास्तव सहित नगर निगम, राजस्व और पुलिस प्रशासन के अधिकारी, कर्मचारी भी मौजूद रहे।