अपने घर का सपना लेकर दर- दर भटक रही आदिवासी बेवा सरपंच – सचिव सहित अधिकारियों पर राशि हड़पने का आरोप

Scn news india


कलेक्टर और सी ई ओ से नहीं बनी बात तो उपसरपंच ने एस पी से की शिकायत

नवनीत गुप्ता जिला ब्यूरों कटनी 

रीठी/ग़रीब और वंचित वर्ग के आवासहीनों के पास भी उनका अपना घर हो जिसमें वे चैन से अपनी जिंदगी गुजार सकें इसी उद्देश्य को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने पी एम आवास योजना शुरू की थी।प्रधानमंत्री की इस महत्वकांक्षी योजना का लाभ देश,प्रदेश के लाखों गरीबों को मिल भी रहा है पर कुछ ऐसे भी बदनसीब हैं जिनका अपने आशियाने का सपना भृष्टाचार की भेंट चढ़ गया है।उनके आवास तो स्वीकृत हुए हैं,शासन से राशि भी जारी हो गई है पर उसकी एक भी किश्त गरीब हितग्राही तक नहीं पहुंची।रीठी तहसील की बिलहरी ग्राम पंचायत में रहने वाली आदिवासी बेवा मुन्नी बाई भी ऐसी ही एक बदनसीब महिला है जो आज भी अपने घर का सपना लेकर दर – दर भटक रही।

पीड़ित हितग्राही बेवा मुन्नी बाई आदिवासी
पीड़ित हितग्राही बेवा मुन्नी बाई आदिवासी

बिलहरी ग्राम पंचायत के उपसरपंच विनोद शंकर शर्मा ने इस संबंध में एस पी को एक लिखित शिकायत सौंपकर पंचायत के सरपंच,सचिव सहित जिम्मेदार अधिकारियों पर बेवा आदिवासी महिला के आवास के लिए जारी राशि हड़प लेने का आरोप लगाते हुए दोषियों के विरुद्ध अपराधिक प्रकरण दर्ज किए जाने की मांग की है।एस पी से की गई शिकायत में बताया गया है कि बिलहरी निवासी बेवा मुन्नी बाई पत्नी स्व मिलन पुत्री मित्ता आदिवासी ने बिलहरी ग्राम पंचायत में पी एम आवास के लिए आवेदन किया था।उसका आवेदन स्वीकृत हो जाने के बाद क्रमश 40 हजार,40 हजार,25 हजार और 15 हज़ार की चार किश्तें भी जारी की गई पर यह राशि बेवा मुन्नी बाई के खाते में नहीं पहुंची।पंचायत के रिकार्ड में उसका आवास कम्पलीट दिखाया जा रहा जबकि आवास के लिए आज तक नींव भी नहीं खोदी गई।आरोप है कि पंचायत के सरपंच,सचिव ने अधिकारियों से मिलीभगत कर आवास की पूरी राशि बंदर बांट कर ली।

तीन साल पहले की गई थी शिकायत
उपसरपंच ने बताया कि 2018 में उनके द्वारा इस संबंध में लिखित शिकायत कलेक्टर एवं सी ई ओ जिला पंचायत से की गई थी पर अब तक दोषियों पर कार्रवाई तो दूर शिकायत की जांच तक नहीं की गई,अब उनके द्वारा पुलिस अधीक्षक से दोषियों के विरुद्ध आपराधिक प्रकरण दर्ज कर जांच कराने की मांग की गई है।

मृतक बेवा द्रोपती बाई का पुत्र ,जिसने बताया कि मकान तो दूर की बात प्रधानमंत्री आवास की मेरी मां के नाम नींव तक नही खुदी

आवास का सपना लिए दुनिया से विदा हो गई द्रोपदी बाई
बिलहरी पंचायत के ही एक अन्य मामले में बताया गया कि यहीं की एक अन्य महिला द्रोपदी बाई पत्नी रिखीराम ने भी पी एम आवास के लिए आवेदन दिया था,,उसका प्रकरण भी स्वीकृत हो गया था पर राशि उसके खाते में नहीं पहुंची।अपने घर का सपना आंखों में लिए द्रोपदी बाई इस दुनिया से विदा हो गई।पंचायत के रिकार्ड में उसका आवास भी लेंटर लेवल तक कम्पलीट बताया जा रहा।1लाख 5 हज़ार की कुल किश्तें जारी हुई है यह राशि भी भ्र्ष्टाचार की भेंट चढ़ चुकी है।स्व द्रौपदी बाई के पुत्र ने बताया कि आवास की नींव तक नहीं खुदी।राशि कहां गई उसे पता नहीं है