शासकीय दर से कम वेतन देने पर ठेकेदारों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज

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आशीष उघड़े 

मध्यप्रदेश पावर जनरेटिंग कंपनी के सतपुड़ा ताप विद्युत गृह सारणी का मध्य प्रदेश शासन के ऊर्जा मंत्री ने मंगलवार को औचक निरीक्षण किया, जिसके बाद मध्य प्रदेश पावर जेनरेटिंग कंपनी के अधिकारियों में हड़कंप मच गया, एकाएक मध्य प्रदेश के ऊर्जा मंत्री के सामने अनियमितताएं सामने आई जिस पर उन के माध्यम से कठोर कार्यवाही के निर्देश दिए गए।


वेतन विसंगतियों को लेकर मजदूरों के माध्यम से जब ऊर्जा मंत्री को जानकारी दी गई कि उन्हें शासकीय दर से कम वेतन दिया जा रहा है, जिस पर ऊर्जा मंत्री द्वारा बैतूल एसपी सिमाला प्रसाद को तत्काल ठेकेदार के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने के निर्देश दिए गए ।
इस संबंध में एमपीपीजीसीएल सारणी में कार्यपालन अभियंता (मुख्यालय) कार्या. अधीक्षण अभियंता प्रवर्तन दो के पद पर कार्यरत ज्योति खलको के माध्यम से थाना सारणी में प्राथमिकी दर्ज कराई गई।
प्राथमिकी में दर्ज कि श्रमिक हेमंत बारपेटे, गुलाब बचले, सागर पटेल, कमलेश इत्यादि द्वारा ज्योति खलखो को मौखिक शिकायत की गई कि मेसर्स अन्नपूर्णा ट्रेडर्स सारणी एवं मेसर्स आरती इंटरप्राइजेस सारणी, मेसर्स सुभाष प्रसाद कांट्रेक्टर सारणी के द्वारा श्रमिकों को मजदूरी दर शासन द्वारा निर्धारित दर से कम दी जा रही है, जो ठेकेदारों द्वारा मजदूरों के साथ मजदूरी देने में छल करके धोखाधड़ी की जा रही है। ठेकेदार के द्वारा पेमेंट के समय श्रमिकों से शासन द्वारा निर्धारित दर पर राशि पर हस्ताक्षर कर आते हैं परंतु नगदी रुपया निर्धारित दर से कम देते हैं जिसमें कानूनी कार्यवाही हेतु प्राथमिकी दर्ज की जाए।
इस संबंध में भारतीय दंड संहिता 1860 की धारा 420 के तहत प्राथमिकी उपरोक्त वर्णित ठेकेदारों के खिलाफ दर्ज की गई है।

इसी के साथ ऊर्जा मंत्री ने प्लांट में फैली गंदगी को देखकर नाराजगी जताई, और स्वयं प्लांट का बाथरूम साफ किया। इसके बाद ऊर्जा मंत्री के माध्यम से मध्य प्रदेश पावर जेनरेटिंग कंपनी के अस्पताल का निरीक्षण भी किया गया जहां पर डॉक्टरों के मौजूद न होने पर ऊर्जा मंत्री ने नाराजगी जाहिर की। अव्यवस्थाओं को देखने के बाद ऊर्जा मंत्री के माध्यम से सिविल विभाग के अतिरिक्त मुख्य अभियंता निमारे को निलंबित करने के आदेश दिए गए ।

इसके बाद ऊर्जा मंत्री भाजपा मंडल कार्यालय सारणी पहुंचे और विधायक व स्थानीय नेताओं से मुलाकात की।


जिस पर विधायक के माध्यम से सतपुड़ा ताप विद्युत गृह के खंडहर आवासों के बारे में ऊर्जा मंत्री को अवगत कराया गया, साथ ही सतपुड़ा जलाशय में फैली चाइनीज़ झालर के संबंध में भी ऊर्जा मंत्री को जानकारी दी, पर्यावरण संरक्षण का कार्य कर रहा है आदिल खान के माध्यम से ऊर्जा मंत्री और विधायक को सतपुड़ा जलाशय के हालही के फोटो भी दिखाए गए जिस पर ऊर्जा मंत्री ने कहा कि जल्द ही सतपुड़ा जलाशय की सफाई की जाएगी। विधायक ने क्षेत्र की अन्य समस्याओं से भी ऊर्जा मंत्री को अवगत कराया, वहीं सतपुड़ा व्यापारी संघ के अध्यक्ष विनय मालवीय के माध्यम से घटते व्यापार को लेकर ऊर्जा मंत्री को व्यवस्था सुधारने हेतु व क्षेत्र की अन्य प्रमुख समस्याओं को लेकर आवेदन दिया गया। इसके बाद शाम को ऊर्जा मंत्री छिंदवाड़ा के लिए रवाना हो गए। वही ऊर्जा मंत्री के अचानक निरीक्षण से सतपुड़ा ताप विद्युत गृह के अधिकारियों में हड़कंप मच गया, और प्रबंधन की अनियमितताएं भी सामने आ गई।

अनियमितता देखने के बाद ऊर्जा मंत्री के माध्यम से कुछ समय बाद दोबारा सतपुड़ा ताप विद्युत गृह का निरीक्षण करने की बात भी कही गई और अगले निरीक्षण से पहले प्रबंधन को गड़बड़ियां सुधारने हेतु भी निर्देशित किया।

इनका कहना:-

मेहनत से जीवनयापन करने वाले श्रमिकों के हक को छीनकर खाने वालों का यह कृत्य बर्दाश्त योग्य नहीं है, ऐसे लोग सख्त कार्यवाही वह सजा के पात्र हैं ‌। सारणी विद्युत उपकेंद्र में आउटसोर्स कंपनियों द्वारा श्रमिकों को तय वेतन से कम भुगतान करने वाली कंपनियों के खिलाफ एफ•आई•आर दर्ज की गई।
प्रद्युमन सिंह तोमर, ऊर्जा मंत्री, म•प्र शासन।