होशंगाबाद जिले की सिवनी मालवा तहसील में एक भी रेत खदान स्वीकृत नहीं,फिर भी हो रहा उत्खनन

Scn news india

प्रवीण गौर ब्यूरों 

होशंगाबाद जिले की सिवनी मालवा तहसील में एक भी रेत खदान स्वीकृत नहीं है , उसके बाद भी बाबरी, आयपा, पथाड़ा, गवाड़ी सहित लोखरतलाई नदी से जमकर रात 10:00 बजे से लेकर सुबह 8:00 बजे तक रेत का अवैध उत्खनन ओर परिवहन किया जा रहा है।

जिसमें पुलिस प्रशासन की भूमिका को नकारा नहीं जा सकता है। क्योकि जिस तरह बेख़ौफ होकर रेत का उत्खनन ओर परिवहन किया जा रहा है, उसे देख तो ऐसा लगता है कि ये पूरा खेल मिलीभगत से ही चल रहा है।

हालांकि शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्र मे मे यह चर्चा भी आम होने लगी है कि पूर्व एसडीएम रविशंकर राय के कार्यकाल मैं रेत का अवैध उत्खनन और परिवहन नहीं होता था, चोरी छुपे ही बमुशिकल रेत माफिया रेत चोरी करते थे। लेकिन उन पर लगाम तहसीलदार दिनेश साँवले, नायब तहसीलदार नीलेश पटेल लगा ही देते थे।

लेकिन जबसे नवागत एसडीएम डीएन सिंह आए है तबसे रेत का अवैध उत्खनन और परिवहन अधिक हो रहा है।

वही तहसीलदार दिनेश साँवले ओर नायब तहसीलदार नीलेश पटेल गुमनाम हो गए है। वही लॉकडाउन के दौरान सिंघम बनी नायब तहसीलदार महिमा मिश्रा के द्वारा भी अपने क्षेत्र मे अवैध उत्खनन रोकने के लिए कोई कार्य नहीं किया जा रहा है।

सिवनी मालवा थाना प्रभारी संजय चौकसे के क्षेत्र के गवाड़ी और सूरजपुर घाट से भी अवैध उत्खनन किया जा रहा है। वही सभी खदानों की रेत का सिवनी मालवा शहर और आसपास महंगे दामो मैं विक्रय किया जा रहा है लेकिन एक भी कार्यवाही अभी तक नही हुई है।

वही नवागत शिवपुर थाना प्रभारी रीना ठाकुर के थाने के अंर्तगत आने वाली रेत खदान बाबरी, पथाडा, डिमावर, भिलाड़िया सहित रानीपुर कोठरा से भी रेत का अवैध उत्खनन किया जा रहा है लेकिन पुलिस मूकदर्शक बनी हुई है।

शिवपुर, डोलरिया सहित सीवनी मालवा थानों की एसडीओपी सौम्या अग्रवाल की भी कार्यप्रणाली को देख नर्मदा भक्तो को लगा था कि नर्मदा सहित अन्य नदियों से अवैध उत्खनन ओर परिवहन नही होगा। लेकिन जिस गति से अवैध उत्खनन किया जा रहा है।

इससे यह साफ है कि कही न कही पर्दे के पीछे कोई बड़ा राजनेता है जिसके इशारे पर ही अवैध उत्खनन और परिवहन कर रेत 4 हजार से 5 हजार रुपये ट्रॉली मैं बेची जा रही है।