कोटपा एक्ट के उल्लंघनकर्ताओं पर चालानी कार्रवाई

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ब्यूरो रिपोर्ट 

बैतूल-राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत शहरी क्षेत्र बैतूल में 25 नवम्बर को कोटपा एक्ट 2003 की धारा 4,5 एवं 6 के उल्लंघनकर्ताओं पर नोडल अधिकारी राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण श्रीमती श्रुति गौर तोमर द्वारा चालानी कार्यवाही की गई। जिला स्तरीय जांच एवं निगरानी दल (इनफोर्समेंट स्कवाड) द्वारा शहरी क्षेत्र बैतूल के कारगिल चौक, बस स्टेण्ड परिसर, थाना चौक कोठीबाजार बैतूल में कोटपा एक्ट 2003 की धारा 4,5 एवं 6 का उल्लंघन करने पर 13 व्यक्तियों पर कुल 1900 रुपए की चालानी कार्रवाई की गई। कार्यवाही में जिला स्तरीय जांच एवं निगरानी दल (इनफोर्समेंट स्कवाड) से नोडल अधिकारी राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम एवं जिला मीडिया अधिकारी श्रीमती श्रुति गौर तोमर, औषधि निरीक्षक श्री जॉन कुजूर, पुलिस उपनिरीक्षक श्री राहुल रघुवंशी, सेनेटरी इंस्पेक्टर श्री संतोष धनेलिया सम्मिलित रहे।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. ए.के.तिवारी ने बताया कि सिगरेट और अन्य तम्बाकू उत्पाद अधिनियम (कोटपा) 2003 धारा 4 के अंतर्गत सभी सार्वजनिक स्थान जैसे शासकीय कार्यालय, मनोरंजन केन्द्र, पुस्तकालय, अस्पताल, स्टेडियम, होटल, शॉपिंग मॉल, कॉफी हाऊस, निजी कार्यालय, न्यायालय परिसर, रेल्वे स्टेशन, सिनेमा हॉल, रेस्टोरेन्ट, छविगृह, एयरपोर्ट, प्रतीक्षालय, बस स्टॉप, लोक परिवहन, शिक्षण संस्थान, टी-स्टॉल, मिष्ठान भण्डार, ढाबा एवं अन्य सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान प्रतिबंधित है और इन स्थानों पर धूम्रपान करने वाले लोगों पर 200/- रूपये तक जुर्माने का प्रावधान है।
धारा 5 के अंतर्गत तम्बाकू उत्पादों के प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष दोनों तरह के विज्ञापनों पर प्रतिबंध है। इसके अंतर्गत किसी भी तरह का प्रायोजन एवं प्रोत्साहन भी प्रतिबंधित है। धारा 6 के अंतर्गत 18 वर्ष से कम आयु के बच्चे को व उनके द्वारा किसी भी प्रकार के तम्बाकू पदार्थ को खरीदा व बेचना अपराध है। विद्यालय से 300 फीट (100 गज) की दूरी तक तम्बाकू उत्पादों का उपयोग, क्रय एवं विक्रय प्रतिबंधित है।
जांच एवं निगरानी दल द्वारा तंबाकू एवं तंबाकू के विभिन्न उत्पाद जैसे गुटका, पाउच, बीड़ी, सिगरेट, खैनी, नस मंजन आदि के सेवन से स्वास्थ्य पर पडऩे वाले दुष्प्रभावों के बारे में आमजन को जानकारी भी प्रदाय की गई एवं किस प्रकार से धीरे धीरे इनका सेवन छोड़ा जा सकता है के संबंध में समझाइश दी गई। उल्लंघन कर्ताओं को तंबाकू व्यसन मुक्ति केंद्र जिला चिकित्सालय बैतूल में परामर्श देते हुए उपचार प्रदाय किये जाने की जानकारी प्रदाय की गई ताकि तंबाकू छोडऩे हेतु प्रेरित किया जा सके। तम्बाकू से संबंधित सामग्रियों के सेवन पर किये जाने वाले व्यय के स्थान पर मौसमी एवं सस्ते फल, पौष्टिक आहार तथा मानव शरीर के लिये आवश्यक एवं उपयोगी पदार्थो के सेवन की समझाइश दी गई।